Tuesday, March 8, 2011
Sunday, February 20, 2011
पुलिस का निकमापन खुले आम बिक रही है मोंत की पुडिया
पुलिस का निक्मापन खुले आम बिक रही है मोंत कीपुडिया जिला सिवनी में पुलिस की नाक के निचे खुले आम स्मेक बिक रही है परन्तु ये लोग कुभकरण की नीद में सो रहे है . जिले में हजारो लोग इसकी चपेट में आ गए जागरूक नागरिक अगर कोई सुचना देता है तो ज्यादा मात्रा में पकड्बाने की बात कहकर भगा दिया जाता है अब भला इनके लिए कोई जहर बेचने बाला १०० ग्राम स्मेक अपनी जेब में रखकर बेचने निकलेगा ओर आम नागरिक काम धंधा छोडकर इन खतरनाक लोगो की निगरानी करते रहेगा और ये लोग अपने कर्तव्यों को भूलकर कमाई करते रहेगे
Thursday, February 17, 2011
seoni m.p. 4way hamari aas...,ashish saxena
जागो कब तक खुम्भ्करण बने रहोगे
जागो कब तक कुम्भकरण बने रहोगे. मुझे तो लगता है की सिवनी जिले के निवासी समझ ही गए होंगे ये बात यहाँ पर किस लिए लिखी गई है. संसद सीट दे दिए , संभाग तो बनेगा नहीं, यह तय है कोई बात नहीं सिवनी के निवासी है ही दानवीर कर्ण लेकिन क्या कोई अपने पुरखो की सम्पति को दान में दे देता है शायद नहीं ......?
मुद्दे की बात है की देश को गुलाम बना कर, आज़ादी और गुलामी का फर्क समझाने वाले विदेशियों से जब हम आज़ादी पा सकते तो यहाँ तो हमे अपनों को ही ये बताना है की आखिर सिवनी जिले के वाशिंदों के लिए 4way का क्या महत्त्व है. और इसके लिए जिले के १-१ नागरिक को अपना कर्तव्य समझना होगा . ये लड़ाई महज कुछ लोगो या किसी संघठन की नहीं बल्कि सभी उन सभी जिले के नागरिको की है जो अपने भविष्य को कुछ दे कर जाना चाहते है.
जागो कब तक कुम्भकरण बने रहोगे. मुझे तो लगता है की सिवनी जिले के निवासी समझ ही गए होंगे ये बात यहाँ पर किस लिए लिखी गई है. संसद सीट दे दिए , संभाग तो बनेगा नहीं, यह तय है कोई बात नहीं सिवनी के निवासी है ही दानवीर कर्ण लेकिन क्या कोई अपने पुरखो की सम्पति को दान में दे देता है शायद नहीं ......?
मुद्दे की बात है की देश को गुलाम बना कर, आज़ादी और गुलामी का फर्क समझाने वाले विदेशियों से जब हम आज़ादी पा सकते तो यहाँ तो हमे अपनों को ही ये बताना है की आखिर सिवनी जिले के वाशिंदों के लिए 4way का क्या महत्त्व है. और इसके लिए जिले के १-१ नागरिक को अपना कर्तव्य समझना होगा . ये लड़ाई महज कुछ लोगो या किसी संघठन की नहीं बल्कि सभी उन सभी जिले के नागरिको की है जो अपने भविष्य को कुछ दे कर जाना चाहते है.
Wednesday, January 26, 2011
Tuesday, January 4, 2011
seoni ka yatayat
ये आम बात है नियम सबके लिए एक से होना चाहिय परन्तु ऐसा होता नहीं है यातायात विभाग की कार्यप्रणाली आप सयम देख सकते है .........
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